वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र बनारस में टिकट बंटवारे को लेकर मचे घमासान को पार्टी आलाकमान नें गंभीरता से लिया है। पार्टी ने अब बागियों को बाहर का रास्ता दिखाने का मन बना लिया है। यही नहीं पार्टी आलाकमान ने साफ कर दिया है कि जिले में किसी भी प्रत्याशी को नहीं बदला जाएगा।

बागियों को दिया अंतिम मौका

मौजूदा सियासी हालात में पार्टी ने बागियों को बातचीत का एक और मौका दिया है। माना जा रहा है संगठन से जुड़े कुछ वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ ही केंद्रीय मंत्री मनोज सिंहा और महेंद्र नाथ पांडेय असंतुष्टों से बात करेंगे। उन्हें मनाने की अंतिम कोशिश की जाएगी। इसके बाद भी ये लोग नहीं माने तो उत्तराखंड के तर्ज पर निलंबन की कार्रवाई की जाएगी।

नहीं बदले जाएंगे प्रत्याशी

यही नहीं आलाकमान ने संकेत दिया है कि किसी भी सीट पर प्रत्याशी नहीं बदले जाएंगे। प्रत्याशी से कोई नेता अगर असंतुष्ट है तो वह आलाकमान के सामने अपनी शिकायत दर्ज करा सकता है। सूत्रों के मुताबिक पार्टी आलाकमान को इस बात की आशंका है कि अगर किसी एक सीट पर प्रत्याशी बदले जाते हैं तो पूरे प्रदेश में ये परिपाटी शुरू हो जाएगी। ऐसे में पार्टी के सामने एक और मुश्किल खड़ी हो सकती है।

इन सीटों को लेकर है घमासान

बनारस में लगभग सीटों पर टिकट बंटवारे को लेकर घमासान मचा हुआ है। कैंट सीट पर सौरभ श्रीवास्तव का विरोध हो रहा है। सौरभ को बदलने के लिए सोमवार को शहर के पार्षदों ने रविंद्रपुरी स्थित प्रधानमंत्री संसदीय दफ्तर पर हंगामा किया था। इसी तरह शहर दक्षिणी सीट पर श्यामदेव राय चौधरी ‘दादा’ पार्टी से रुठे हुए हैं। दादा के समर्थक बीजेपी उम्मीदवार नीलकंठ तिवारी को हटाने की मांग कर रहे हैं। शहर उत्तरी सीट पर विधायक रविंद्र जायसवाल के खिलाफ कद्दावर नेता सुजीत टीका ने मोर्चा खोला हुआ है।

admin

No Comments

Leave a Comment