मिट्टी लदे डंपर के नीचे दबी स्कार्पियों में फंसी मंहिला को बचाने की खातिर इस आईपीएस ने दांव पर लगा दी अपनी जान

वाराणसी। अकथा तिराहे (सारनाथ) पर शनिवार की आधी रात के बाद कुछ ऐसा हुआ कि देखने वालों की सांसे थम गयी। हुआ यूं कि मिट्टी से भरा डंपर अनियन्त्रित होकर पलट गयी जिसका नतीजा रहा कि ठीक पीछे से आ रही स्कार्पियो उसके नीचे दब गयी। डंपर के नीचे दबी स्कार्पियो में एक महिला फंसी थी। संयोग था कि स्कार्पियों के काफी क्षतिग्रस्त होने के बावजूूद मंहिला को गंभीर चोट नहीं आयी थी अलबत्ता पांव इस कदर फंसा था कि निकलना संभव नहीं था। रात लगभग 12 बजे हुई दुर्घटना की सूचना मिलते ही सीओ कैंट का कार्यभार देख रहे आईपीएस अधिकारी डा. अनिल कुमार फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे।

मामूली चूक से जा सकती थी जान

मौके पर हालात यूं थे कि एक तरफ टनों मिट्टी लदा डंपर कुछ इस तरह से स्कर्पियो पर टिका था कि रिकवरी वैन से हटाने में मामूली चूक से वह गिरता तो स्कार्पियो के संग महिला इस तरह कुचल जाती कि पहचानना मुश्किल होता। पुलिस पर आरोप लगते हैं कि किसी की जान बचाने के लिए सिपाही तक जुंबिश नहीं लेता लेकिन यहां पर अधीनस्थों को रोक आईपीएस अधिकारी खुद खिड़की के रास्ते घुसने लगे। उन्होंने पहले तो हाथ से जो हट सकती थी मिट्टी को हटाया फिर मशक्कत के बाद फंसी मंहिला की प्राण रक्षा की। आधे घंटे चले बचाव अभियान का नतीजा था कि महिला को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। बाद में उसे इलाज के लिए एंबुलेंस से भेजा गया।

नहीं दर्ज हो सकी थी रपट

पुलिस के इस सराहनीय कार्य को जनता द्वारा भूरी-भूरी प्रशंसा की गयी और सोशल मीडियापर भी बचाव अभियान का वीडियो वायरल हुआ। घटना का एक पहलू यह भी रहा कि दूसरे दिन रविवार की रात तक इस मामले में कोई एफआईआर नहीं दर्ज हुई थी। थाने का कहना था कि कोई तहरीर लेकर नहीं आया जिससे रपट नहीं दर्ज की जा सकी है।

Related posts