श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर परिसर पर शासन का विशेष ध्यान, बैठक में कई प्लान को लेकर बनी सहमति

वाराणसी। पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र की पहचान श्री काशी विश्वनाथ मंदिर से है। देश के दूसरे हिस्सों से लेकर विदेशों में रहने वाले वह श्रद्धालु जो यहां पहुंच नहीं पाने उनको वर्चुअल दर्शन एवं सजीव प्रसारण की व्यवस्था होगी। इसके तहत श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में होने वाले रुद्राभिषेक का वीडियो कांफ्रेंसिंग द्वारा देश/विदेश में रह रहे श्रद्धालुओं को सजीव प्रसारण की सुविधा जल्द शुरू होने वाली है। आयुक्त सभागार में रविवार को श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर न्यास परिषद एवं श्री काशी विश्वनाथ विशिष्ट क्षेत्र विकास परिषद की बैठक में कई अहम निर्णय लिये गये। बैठक की अध्यक्षता आचार्य अशोक द्विवेदी तथा विशिष्ट क्षेत्र परिषद की बैठक अपर मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश शासन अवनीश कुमार अवस्थी की अध्यक्षता में हुई।

सफाई व्यवस्था पर रहा विशेष जोर

अपर मुख्य सचिव अवनीश कुमार अवस्थी ने मंदिर परिसर व एप्रोच एरिया में विशेष साफ-सफाई पर जोर दिया तथा आवश्यकतानुसार आउटसोर्सिंग से कार्य का सुझाव दिया। साथ ही चंदौली के सकलडीहा में स्थित कालेश्वर नाथ मंदिर के सौंदर्यीकरण का प्रस्ताव पारित हुआ। बैठक में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के वित्तीय वर्ष 2018-19 चालू वर्ष 2019-20 की आय-व्यय पर चर्चा एवं अनुमोदन की कार्यवाही हुई। इस वित्तीय वर्ष में हेल्प डेस्क से 6 करोड़ रुपए अतिरिक्त आय प्राप्त होना प्रस्तावित है। अधिसूचित क्षेत्र के अंतर्गत न्यास निधि से अर्जित किए गए भवनों व स्थलों का उपयोग श्री काशी विश्वनाथ मंदिर विस्तारीकरण के लिए किए जाने का प्रस्ताव पारित हुआ।

श्रद्धालुओं के लिए बन रहा नया पैकेज

मंदिर न्यास एवं गंगा दर्शन अतिथिगृह के बीच एक पैकेज श्रद्धालुओं हेतु उपलब्ध होगा। मंदिर दर्शन, गंगा आरती व अतिथि गृह में ठहरने, क्रूज से घाटों के दर्शन, प्रसाद की व्यवस्था आदि की सुगम, सरल व सुविधाजनक व्यवस्थाओं के विभिन्न पैकेज पर वार्ता व अनुमोदन हुआ। पर्यटकों एवं श्रद्धालुओं को अधिकाधिक सुविधा युक्त श्री काशी विश्वनाथ दर्शन पर जोर दिया गया। देश व विदेशों में रहने वाले श्रद्धालुओं को वीडियो कांफ्रेंसिंग से रुद्राभिषेक की सुविधा तथा श्री विश्वनाथ जी के वर्चुअल दर्शन व सजीव प्रसारण उच्च स्तरीय गुणवत्ता युक्त की व्यवस्था की कार्यवाही का अनुमोदन हुआ। इससे मंदिर के राजस्व में भी बढ़ोतरी होगी। मंदिर के आस-पास क्षेत्र में छुट्टा पशुओं के घूमने पर रोक लगाने का निर्णय हुआ। बैठक में मंदिर व्यवस्था के कार्मिकों के मामलों पर भी विचारोपरांत निर्णय लिए गए। बैठक में इस अवसर पर प्रमुख सचिव न्याय उप्र शासन दिनेश सिंह, कमिश्नर दीपक अग्रवाल, डीएम सुरेंद्र सिंह, एसएसपी आनंद कुलकर्णी सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।

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