ग्राम प्रधान पर अंधाधुंध फायरिंग से चढ़ा चुनावी ‘पारा’, बाइक सवारों ने दिया वारदात को अंजाम लेकिन पुलिस ‘वजह’ से अनजान

मऊ। किसी जमाने में जिले की पहचान कल्पनाथ राय के नाम पर होती थी लेकिन अब इसे बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी के क्षेत्र से जाना जाता है। विधायक भले डेढ़ दशक से जेल की सलाखों के पीछे हैं लेकिन चुनाव में वह खुद या अपने करीबियों को मैदान में उतारते हैं। इस बार भी कुछ ऐसा है लेकिन मंगलवार की दोपहर पलिया (रानीपुर) के ग्रामप्रधान नंदलाल राजभर उर्फ नन्दू (45) पर जानलेवा हमले से चुनावी पारा चढ़ने लगा है। मऊ-रानीपुर मुख्य मार्ग पर पलिगढ (सरायलखंसी) में दोपहर ढाई बजे दो अज्ञात बाइक सवार बदमाशो ने प्रधान पर अंधाधुंध फायरिंग की और फिल्मी तरीके से असलहा लहराते हुए मौके से फरार हो गये। गोली लगने के बावजूद जान बचाने की खातिर प्रधान लगभग 200 मीटर दौड़कर रानीपुर थाना क्षेत्र के पलिया मोड़ पर आ कर गिर गये। मौके पर पहुंचे रानीपुर थाना प्रभारी धीरेन्द्र कुमार चौधरी ने सक्रियता दिखाते हुए ग्राम प्रधान को अपनी गाड़ी से जिला अस्पताल पहुंचाये जहाँ डाक्टरों ने हालत गम्भीर देखते हुए वाराणसी के लिये रेफर कर दिया। दूसरी तरफ थाना सरयलखंसी की पुलिस घटना से अनभिज्ञ रहते हुए मौके पर नहीं पहुची । इस घटना से पुरे क्षेत्र मे सनसनी फैल गयी है।

बीडीओ से मिलकर लौट रहे थे प्रधान

पलिया गांव के प्रधान नंदलाल राजभर अपने प्रतिनिधि दिनेश राजभर के साथ बाइक से अपने ग्राम विकास अधिकारी राजबहादुर से मिलने मऊ गये थे। घर वापसी के समय पीछे से आ रहे दो बाइक सवार बदमशो ने ओवरटेक करते हुए ग्राम प्रधान पर गोली बरसानी शुरू कर दी। दो गोली प्रधान के पेट मे लगी और एक गोली उनकी कनपटी के पास छीलते हुए निकल गयी । जान बचाने के लिये प्रधान बचाव की गुहार लगाते पैदल भागने लगे जबकि दिनेश राजभर ने खेतों की तरफ शरण ली। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बदमाशो ने प्रधान को गोली मारकर असलहा लहराते हुए धमकी दी और फिर रानीपुर की तरफ भाग गये । मौके पर सीओ राजकुमार के अलावा थाना रानीपुर, थाना चिरैयाकोट की टीम ने छानबीन की तो तीन खोखे और एक मंकी कैप बरामद हुई।

चुनावी रंजिश या दूसरी वजह

पुलिस घरवालों के संग प्रधान के करीबियों से पूछताछ कर वारदात की वजह जानने में जुटी है लेकिन स्पष्ट नहीं हो सका है कि इसके पीछे कौन है। गांव के विवाद से लेकर प्रधानी समेत दूसरे चुनावों को भी पड़ताल में रखा गया है। ग्राम प्रधान की पत्नी सुमन राजभर और दो पुत्र जिसमें बड़े अजय राजभर (18) व छोटा विजय राजभर (15) का रो-रो के बुरा हाल है। वजह जानने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि घटना के पीछे किसका हाथ है जिसका पुलिस प्रयास कर रही है।

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