चंदौली। इन दिनों प्रदेश के अधिकांश जिलों में बदमाशों के साथ पुलिस की मुठभेड़ हो रही है। अधिकांश मामलों में बदमाशों को गोली लग रही है और कुछ तो मारे भी जा रहे हैं। लगभग सभी स्थानों पर बदमाशों का मुकाबला करते हुए एकाध सिपाही भी ‘जख्मी’ हो रहे हैं। इन पुलिसिया कहानियों ने हट कर अलीनगर के बरहुली गांव की पुलिस पर रविवार की आधी रात के बाद लौंदा चौकी इंचार्ज संतोष यादव का शातिर लुटेरों से सामना हो गया। बाइक का कागजात मांगे जाने पर बदमाशों ने सीने पर गोली मार दी। रात के अंधेरे में गोली की आवाज और बचाव की गुहार पर ग्रामीणों ने ललकारते हुए घेराबंदी कर ली। दरोगा को गोली मारे जाने की सूचना पर एसपी संतोष सिंह कई थानों की फोर्स के साथ पहुंचे। ग्रामीणों की मदद से दो बदमाशों को धर-दबोचा गया जबकि उनका एक साथी फरार होने में सफल रहा। गिरफ्तार कृष्णा विश्वकर्मा व पंकज जायसवाल शातिर लुटेरे हैं और पहले भी गोली मार चुके हैं।

रात्रि गश्त पर निकले थे चौकी इंचार्ज

लौंदा चौकी इंचार्ज संतोष यादव देर रात मोटर सायकिल से गस्त पर निकले थे। उनके साथ दूसरी मोटर सायकिल पर दो सिपाही भी थे। अभी ये लोग क्षेत्र के बसनी गाव की तरफ जा रहे थे। यहां रास्ता दो तरफ जाता है। एक पर सिपाहियों को भेज दूसरे पर खुद जा रहे चौकी इंचार्ज की नजर बरहुली गाव के पास एक पुलिया पर बैठे तीन युवकों पर पड़ी जहां एक बाइक भी खडी थी। चौकी इंचार्ज पुलिया के पास रुक गए और उनसे पूछताछ करते हुए गाड़ी के कागजात मांगे। युवक ने कागजात निकालने के बहाने बाइक की डिग्गी खोली और पलट कर दरोगा पर फायर झोंक दिया। गोली चौकी इंचार्ज के सीने में लगी और वो गिर पड़े। इसके बाद बाइक सवार बदमाश गांव की तरफ भाग निकले। साथ के सिपाहियों ने मामले की जानकारी आला अधिकारियों को दी। इसके बाद घायल दरोगा को वाराणसी इलाज के लिए भेजा गया। उधर फायरिंग की आवाज ग्रामीणों ने भी सुनी और दरोगा को गोली मारकर भाग रहे तीन बदमाशो में से दो को घेर कर पकड़ लिया लेकिन तीसरा बदमाश भागने में कामयाब हो गया।पुलिस जब गाव में पहुची तो ग्रामीणों ने बदमाशों को पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने भी ग्रामीणों के साथ मिलकर तीसरे बदमाश की काफी तलाश की लेकिन सफलता नहीं मिल पाई।

admin

No Comments

Leave a Comment