जौनपुर। मौत कब और किस रूप में मिल जाये इसका अंदाजा नहीं रहता। नवरात्र की षष्ठी को मां काली के दर्शन के लिए जा रहे श्रद्धालुओं के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ। गौरैयाडीह सटवा गांव (मुंगराबादशाहपुर) की सरोज बस्ती से करीब चार दर्जन दर्शनार्थियों का जत्था राजकुमारी पत्नी स्व. अमरनाथ के नेतृत्व में परम्परागत ढंग से चैत्र नवरात्र पर पताका लेकर फतनपुर (प्रतापगढ़) डेरा सुल्तानपुर में स्थित चौरा माता के पास काली मां के दर्शन के लिए रवाना हुआ था। जनपद की सीमा से मात्र पांच किलोमीटर दूर सामने से आ रहे ट्रक ने दर्जन भर यात्रियों को लेकर आटोरिक्शा में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि आटो रिक्शा के परखचे उड़ गये और वह काफी दूर जा गिरा।

599

लाइन से शवों को देख दहल गये लोग

हादसे में 10 दर्शनार्थियों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया जबकि आॅटो चालक दीपक (18) गंभीर रुप से घायल हो गया। दुर्घटना की सूचना मिलते ही आस-पास के काफी लोग भी मौके पर पहुंच गये। मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी शवों को कब्जे में ले लिया। जैसे ही घटना की खबर गांव पहुंची वहां भी कोहराम मच गया और सभी दर्शनार्थियों के परिजन अपने-अपने दर्शनार्थियों की कुशलक्षेम जानने के लिए घटनास्थल की तरफ निकल पड़े। दुर्घटना में नन्हे लाल सरोज के परिवार के पांच लोग पुत्रवधू रंजना (30) पत्नी राजू सरोज, उसकी पुत्री नीलम (28) पत्नी मुन्ना, नीलम की पुत्री अंशू (7), नन्हे लाल की दूसरी पुत्री कंचना की पुत्री संजना (13), नन्हे लाल के दूसरे पुत्र राजाराम की पुत्री पारो (4) की मौत हो गयी। वहीं गांव के चमेला (55) पत्नी गोला, लखपत्ती (70) पत्नी सत्तू, इंद्रावती (46) पत्नी गुलाब, रिश्तेदारी में आयी उषा (30) पत्नी अजय निवासी घुरीपुर थाना फतनपुर प्रतापगढ़ की मौत हो गयी। लाइन से रखे गये शवों को देख लोग दहल जा रहे थे।

admin

No Comments

Leave a Comment